ब्लास्ट स्थल से सिलेंडर गायब होने पर सख्ती, डीलर का लाइसेंस रद्द करने की प्रक्रिया
PALAMU
पलामू जिले में हुए एलपीजी सिलेंडर ब्लास्ट मामले में प्रशासन ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। घटना के बाद लापरवाही के आरोप में टीओपी-3 के प्रभारी और टाइगर मोबाइल टीम के जवानों को निलंबित कर दिया गया है। वहीं संबंधित गैस डीलर के लाइसेंस को रद्द करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
यह घटना रविवार को मेदिनीनगर टाउन थाना क्षेत्र के बैरिया चौक के पास हुई थी, जहां गैस एजेंसी के डंप में रखे एलपीजी सिलेंडर में अचानक विस्फोट हो गया। इस हादसे की चपेट में चार लोग आ गए थे। घटना के बाद प्रशासन और पुलिस की अलग-अलग टीम पूरे मामले की जांच कर रही है।
अपर समाहर्ता कुंदन कुमार ने रविवार को घटनास्थल का निरीक्षण किया था। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया कि जिस जगह पर ब्लास्ट हुआ, वहां खाली और भरे हुए करीब चार दर्जन सिलेंडर मौजूद थे। हालांकि सोमवार को जांच के दौरान वहां केवल 18 सिलेंडर ही पाए गए, जिससे कुछ सिलेंडरों के गायब होने की बात सामने आई।
पलामू की उपायुक्त समीरा एस ने पूरे मामले में प्रशासनिक कार्रवाई की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि संबंधित गैस डीलर के खिलाफ लाइसेंस रद्द करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और अन्य कानूनी पहलुओं पर भी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
वहीं पुलिस अधीक्षक रीष्मा रमेशन ने बताया कि लापरवाही बरतने के मामले में टीओपी-3 के प्रभारी अजय कुमार गुप्ता समेत पूरी टीम को निलंबित किया गया है। घटनास्थल से कुछ सिलेंडर गायब मिलने की भी जांच की जा रही है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।
घटना घनी आबादी वाले इलाके में हुई थी, इसलिए प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया है। इधर हरिहरगंज के पथरा ओपी में तैनात मंटू कुमार को टीओपी-3 का नया प्रभारी बनाया गया है, जबकि पाटन थाना में तैनात एएसआई धर्मेंद्र कुमार सिंह को पथरा ओपी का नया प्रभारी नियुक्त किया गया है।
