3 दिन में कार्रवाई नहीं तो आंदोलन
JAMTARA
भारत दिशोम आदिवासी संघ के बैनर तले मंगलवार को बड़ी संख्या में आदिवासी समाज के लोग उपायुक्त कार्यालय पहुंचे और अपनी मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। सुरेश मुर्मू, मंगल सोरेन और अंबिता हांसदा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त जामताड़ा को विस्तृत मांग पत्र सौंपा।
ज्ञापन में जिले में चल रही अवैध गतिविधियों पर तत्काल रोक लगाने और समाजसेवी सुरेश मुर्मू के घर में हुई आगजनी के आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की गई है।
संघ के नेताओं ने बताया कि 22 फरवरी 2026 को बागधारा गांव में आदिवासी समाज के विभिन्न संगठनों द्वारा दिशोम बैसी का आयोजन किया गया था। इस कार्यक्रम में जिले के सैकड़ों गांवों से मांझी परगनिक समेत झारखंड के अलग-अलग हिस्सों से हजारों सामाजिक कार्यकर्ता शामिल हुए थे। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि जिले में अवैध रूप से संचालित माड़ी भट्ठी (गोदाम), बाजारों में खुलेआम बिक रहे ड्रग्स, बालू-पत्थर-कोयला के अवैध उत्खनन और ग्रामीण साप्ताहिक हाटों में चल रहे जुआ खेल पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए।
इसके अतिरिक्त सांस्कृतिक कार्यक्रमों के नाम पर आदिवासी इलाकों में आयोजित रात्रि यात्रा (ड्रामा), फुटबॉल प्रतियोगिता, भैंस और मुर्गा लड़ाई तथा हड़िया-दारू की बिक्री पर भी रोक लगाने की मांग की गई है। संघ का कहना है कि इन गतिविधियों की आड़ में हत्या और बलात्कार जैसे गंभीर अपराधों को बढ़ावा मिल रहा है।
मांग पत्र में 5वीं अनुसूची क्षेत्रों में ग्रामसभा का गठन कर पेसा कानून के तहत ग्राम सभा को निर्णय लेने का अधिकार देने की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई है। प्रतिनिधिमंडल का कहना है कि स्थानीय संसाधनों और सामाजिक व्यवस्था से जुड़े फैसले ग्राम सभा के माध्यम से ही लिए जाने चाहिए।
संघ ने 15 फरवरी 2026 को बागधारा गांव में समाजसेवी सुरेश मुर्मू के घर में हुई आगजनी की घटना का भी जिक्र किया। आरोप लगाया गया कि असामाजिक तत्वों द्वारा की गई इस घटना के बावजूद अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। प्रशासन से दोषियों को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग की गई।
नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि तीन दिनों के भीतर ठोस कार्रवाई नहीं की गई, तो आदिवासी समाज, मांझी परगनिक और सामाजिक कार्यकर्ता सड़क पर उतरकर आंदोलन करेंगे।
मांग पत्र की प्रतिलिपि पुलिस अधीक्षक जामताड़ा, जिला उत्पाद विभाग, जिला खनन विभाग, ड्रग्स इंस्पेक्टर जामताड़ा और परिवहन विभाग को भी सौंपी गई है।
इस मौके पर आकाश हेंब्रम, रामदेव मरांडी, राजन मरांडी, शिव ठाकुर सोरेन, योगेंद्र हांसदा, साहेब लाल हांसदा, महादेव मरांडी, वीरेंद्र मुर्मू, लखन हेंब्रम, ऑफिसर सोरेन, प्रेम मरांडी, उमेश हांसदा, उत्तम हेंब्रम समेत बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे।
