स्वास्थ्य सेवाओं को बड़ी मजबूती, मेडिकल कॉलेजों में भी स्थापित होगी कैथ लैब
RANCHI
झारखंड सरकार ने राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में अहम फैसला लिया है। रामगढ़, गिरिडीह, देवघर और कोडरमा जिलों में जल्द ही एमआरआई मशीन उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए खरीद प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। साथ ही राज्य के 20 जिलों में मैमोग्राफी मशीन लगाने की तैयारी भी की जा रही है।
यह निर्णय स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग की उच्चस्तरीय बैठक में लिया गया। बैठक की अध्यक्षता अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने की। उन्होंने संबंधित एजेंसियों को एमआरआई मशीनों की स्थापना की प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ करने का निर्देश दिया। बैठक में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
अपर मुख्य सचिव ने कहा कि जिलों में एमआरआई सुविधा नहीं होने के कारण मरीजों को रांची या अन्य बड़े शहरों में जाना पड़ता है, जिससे समय और धन दोनों की परेशानी होती है। कई बार गंभीर मरीजों को आपात स्थिति में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। सरकार की कोशिश है कि जिलों में ही उन्नत जांच सुविधाएं उपलब्ध हों।
महिलाओं और हृदय रोगियों को भी राहत
महिलाओं के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए 20 जिलों में मैमोग्राफी मशीन लगाने का निर्णय लिया गया है, जिससे स्तन कैंसर की समय पर जांच संभव हो सकेगी। इसके अतिरिक्त राज्य के पांच मेडिकल कॉलेजों में कैथ लैब स्थापित करने की योजना है, ताकि हृदय रोगियों को इलाज के लिए राज्य से बाहर न जाना पड़े।
सरकार का मानना है कि इन फैसलों से जिला स्तर पर स्वास्थ्य ढांचा मजबूत होगा और आम लोगों को बेहतर व सुलभ चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी।
