रांची
झारखंड में पिछले 9 वर्षों से झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा (JTET) आयोजित नहीं किए जाने को लेकर झारखंड हाईकोर्ट ने कड़ी नाराजगी जाहिर की है। इस संबंध में दाखिल एक याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने राज्य के शिक्षा सचिव को 25 सितंबर, गुरुवार को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का निर्देश दिया है।
यह याचिका रितेश महतो सहित 401 अभ्यर्थियों द्वारा दाखिल की गई थी, जिसमें उन्होंने JTET परीक्षा लंबे समय से न होने को चुनौती दी है। मामले की सुनवाई जस्टिस आनंद सेन की अदालत में हुई, जिसमें याचिकाकर्ताओं की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अजीत कुमार और अधिवक्ता अपराजिता भारद्वाज ने पक्ष रखा।
बहस के दौरान अधिवक्ताओं ने दलील दी कि परीक्षा न होने की वजह से योग्य उम्मीदवार शिक्षक भर्ती प्रक्रियाओं में शामिल नहीं हो पा रहे हैं, जिससे उनके भविष्य पर असर पड़ रहा है। कोर्ट ने इसपर राज्य सरकार से यह स्पष्ट करने को कहा है कि JTET परीक्षा आयोजित करने की प्रक्रिया कब शुरू की जाएगी।
