US-ईरान टकराव तेज, टेक कंपनियां निशाने पर; 18 अमेरिकी कंपनियों को IRGC की चेतावनी
CENTRAL DESK
अमेरिकी ई-कॉमर्स दिग्गज अमेज़न की क्लाउड सेवा Amazon Web Services (AWS) को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, बहरीन में स्थित कंपनी के क्लाउड ऑपरेशंस ईरान के हमले में प्रभावित हुए हैं। इस हमले के बाद वहां आग लग गई, जिसे स्थानीय सिविल डिफेंस टीम ने काबू में किया।
बहरीन में अमेज़न सुविधा पर हमला, सीमित जानकारी
फाइनेंशियल टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, इस हमले में अमेज़न के क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर को नुकसान पहुंचा है, हालांकि नुकसान कितना हुआ है, इसकी पूरी जानकारी अभी सामने नहीं आई है। बहरीन के गृह मंत्रालय ने पुष्टि की कि एक कंपनी की सुविधा में आग लगी, लेकिन अमेज़न का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया गया।
दूसरी बार प्रभावित हुआ AWS, सेवाएं हुईं बाधित
यह पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी हाल ही में AWS सेवाएं बहरीन में बाधित हुई थीं। कंपनी ने तब कहा था कि वह सेवाओं को बहाल करने के लिए काम कर रही है और ग्राहकों को दूसरे क्षेत्रों में माइग्रेट करने में मदद दी जा रही है। AWS, अमेज़न का सबसे अहम बिजनेस यूनिट है, जो दुनिया भर की वेबसाइट्स, ऐप्स और सरकारी सेवाओं को सपोर्ट करता है।
18 अमेरिकी कंपनियों को IRGC की चेतावनी
इस बीच, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने 18 अमेरिकी कंपनियों को चेतावनी दी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इन कंपनियों पर जासूसी और अमेरिकी सरकार की मदद करने के आरोप लगाए गए हैं। IRGC ने कहा है कि अब मिडिल ईस्ट में काम कर रही अमेरिकी टेक और फाइनेंस कंपनियां उनके निशाने पर होंगी।
बढ़ता तनाव, वैश्विक बिजनेस पर खतरा
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव का असर अब सीधे ग्लोबल बिजनेस पर दिखने लगा है। क्लाउड सेवाओं पर हमले से यह साफ हो गया है कि युद्ध के दौरान टेक इंफ्रास्ट्रक्चर भी सुरक्षित नहीं है। इससे कंपनियों को अपने डेटा और ऑपरेशंस की सुरक्षा को लेकर नई रणनीति बनानी पड़ सकती है।
