Patna
बिहार की राजधानी में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने बड़ी कार्रवाई करते हुए युवा एवं कौशल विकास विभाग के सहायक निदेशक परमजय सिंह को 5 लाख रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई नियोजन भवन परिसर की पार्किंग में की गई, जहां अधिकारी अपनी कार में बैठकर कथित रूप से रकम ले रहे थे।
विजिलेंस सूत्रों के अनुसार, विभागीय काम के एवज में कुल 10 लाख रुपये की मांग की गई थी। पहली किस्त के तौर पर 5 लाख रुपये लिए जाने थे। गुप्त सूचना मिलने के बाद निगरानी ब्यूरो ने ट्रैप टीम गठित कर जाल बिछाया।
डीएसपी पवन कुमार ने बताया कि टीम पहले से ही मौके पर तैनात थी। जैसे ही परमजय सिंह ने कथित तौर पर 5 लाख रुपये हाथ में लिए, टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्हें पकड़ लिया। मौके से नकद राशि भी बरामद की गई है।
गिरफ्तार अधिकारी ने आरोपों को साजिश बताया है, हालांकि निगरानी विभाग ने रिश्वत लेने की पुष्टि की है। पूछताछ जारी है और आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाई जा रही है।
इस कार्रवाई के बाद विभागीय हलकों में हड़कंप मच गया है। विजिलेंस ब्यूरो का कहना है कि भ्रष्टाचार के मामलों में आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
